मशीन गन
पूरी तरह से स्वचालित घुड़सवार या पोर्टेबल बन्दूक
मशीन गन एक ऐसी बन्दूक है जो की स्वचालित रूप से एक के बाद कई गोलिया कई सो प्रति मिनट की रफ़्तार से एक साथ दाग सकती है। इन्हें मूल रूप से सब मशीन गन भी कहा जाता है। यह या तो किसी स्टैंड के उप्पर लगाके के व उस के सहयोग से प्रयोग में ली जाती है या इनके हलके प्रकार सीधे हाथ में लेकर प्रयोग में लिए जाते है। इसके लगातार गोली चलाने के दो तरीके है। कुछ मशीन गन सीधे पिस्टन का प्रयोग करती है व आजकल ज्यादातर गैस से स्वचालित पिस्टन का.
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प्रथम व द्वितीय विश्व युद्ध में अपनी बर्बर मारने की शक्ति की वजह से पूरे विश्व की सेनाओं में यह काफी प्रचिलित हुई. कई वैज्ञानिक इसे पीछेले १०० सालो में हुए सबसे महत्वपूर्ण अविष्कारो में से एक मानते है।[1]
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सन्दर्भ
संपादित करें- ↑ "संग्रहीत प्रति". मूल से 5 सितंबर 2012 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 2 सितंबर 2012.